समाज जागरण
शहडोल ।कलेक्टर डा. केदार सिंह ने शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय शहडोल, शासकीय महारानी लक्ष्मीबाई उच्चतर माध्यमिक विद्यालय शहडोल एवं ज्ञानोदय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय शहडोल का निरीक्षण किया तथा स्कूली छात्र-छात्राओं से संवाद किया। संवाद के दौरान कलेक्टर डॉ केदार सिंह ने कहा कि शिक्षा का महत्व अत्यधिक है क्योंकि यह व्यक्तिगत और सामाजिक विकास की नींव है। शिक्षा से व्यक्ति को न केवल ज्ञान और कौशल मिलते हैं, बल्कि यह सोचने की क्षमता और आत्म-निर्णय की शक्ति भी विकसित करती है। यह समाज में समानता, अवसरों की सृजनशीलता, और समस्याओं के समाधान में सहायक होती है। शिक्षा के माध्यम से व्यक्ति आत्म-सम्मान और आत्म-विश्वास प्राप्त करता है, जिससे उसका जीवन और करियर दोनों बेहतर होते हैं। इसके अलावा, शिक्षा समाज में जागरूकता और प्रगति लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है, जिससे समृद्ध और संगठित समाज का निर्माण होता है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को कड़ी मेहनत, लगन और योजनाबद्ध तरीके से साथ शिक्षा ग्रहण करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि ज्ञान का बंटवारा कभी नहीं होता है ज्ञान हमेशा बांटने से बढ़ता है और ज्ञान सबसे बड़ा धन है।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने विद्यार्थियों से भविष्य में क्या बनना चाहते हैं इसकी भी जानकारी ली तो किसी न कहा आई.ए. एस.,एस.पी., डॉक्टर, सीए आदि बनने की इच्छा विद्यार्थियों ने जताई। साथ ही कलेक्टर ने अपने विद्यार्थी जीवन के सफर को भी विद्यार्थियों से साझा किया।
इस अवसर पर अनुविभागीय अधिकारी राजस्व अरविंद शाह,सहायक आयुक्त जनजाति कार्य विभाग आनंद राय सिन्हा, जिला शिक्षा अधिकारी फूल सिंह मरपाची,डीपीसी अमर नाथ सिंह सहित शिक्षक व काफी संख्या में स्कूली छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।
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