माननीय मंत्री स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा, परिवार कल्याण तथा खाद्य सार्वजनिक वितरण एवं उपभोक्ता मामले विभाग ने एमजीएम कॉलेज का किया निरीक्षण, प्रधान सचिव स्वास्थ्य विभाग, अभियान निदेशक एनएचएम, जिला दण्डाधिकारी सह उपायुक्त, वरीय पुलिस अधीक्षक, सिटी एसपी रहे मौजूद
दैनिक समाज जागरण 2.10.2024 (ब्यूरो चीफ) चांद कुमार लायेक पूर्वी सिंहभूम जमशेदपुर
माननीय मुख्यमंत्री, झारखण्ड श्री हेमंत सोरेन द्वारा एमजीएम मेडिकल कॉलेज परिसर में 500 शय्या अस्पताल के ओपीडी सेवा का शुभारंभ एवं उदघाटन 05.10.2024 को प्रस्तावित है। इसी क्रम में श्री बन्ना गुप्ता, माननीय मंत्री स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा, परिवार कल्याण तथा खाद्य सार्वजनिक वितरण एवं उपभोक्ता मामले विभाग द्वारा एमजीएम कॉलेज परिसर का निरीक्षण कर निर्माण कार्यों का जायजा लिया गया। मौके पर प्रधान सचिव स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग, झारखंड श्री अजय कुमार सिंह, अभियान निदेशक एनएचएम श्री अबू इमरान, जिला दण्डाधिकारी सह उपायुक्त श्री अनन्य मित्तल, वरीय पुलिस अधीक्षक श्री किशोर कौशल मौजूद रहे। निरीक्षण के क्रम में माननीय मंत्री द्वारा उच्च स्चरीय बैठक कर पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिया गया तथा भवन निगम के अभियंता प्रमुख, कार्यदायी एजेंसी एल & टी के प्रतिनिधियों से कॉलेज निर्माण संबंधी अधतन स्थिति की जानकारी ली गई ।
प्रेस प्रतिनिधियों से बातचीत में माननीय मंत्री ने कहा कि 751 बेड का एमजीएम अस्पताल वर्तमान में बन चुका है, 131 बेड आईसीयू, 620 बेड जेनरल होंगे । इसी के साथ-साथ 100 बेड का क्रिटिकल केयर यूनिट भी अलग से बनाया जा रहा है जिससे अस्पताल की कुल कैपेसिटी 851 बेड की हो जाएगी । उन्होने कहा कि अस्पताल के निर्माण से कोल्हान के साथ-साथ आसपास के जिलों के मरीजों को उच्च स्तरीय स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराई जा सकेगी। अस्पताल के सुव्यवस्थित एवं बेहतर संचालन को लेकर समीक्षा किया गया तथा शेष जो संसाधन जरूरी है उसपर चर्चा की गई । उन्होने कहा कि जल्द ही यह अस्पताल कोल्हान वासियों की सेवा में समर्पित होगा।
मौके पर सिटी एसपी श्री ऋषभ गर्ग, एसडीएम धालभूम श्रीमती शताब्दी मजूमदार, सिविल सर्जन पूर्वी सिंहभूम डॉ साहिर पाल, सिविल सर्जन पश्चिमी सिंहभूम डॉ जुझार माझी, एनडीसी श्री डेविड बलिहार, जिला योजना पदाधिकारी श्री अरूण द्विवेदी समेत अन्य प्रशासनिक व पुलिस पदाधिकारी उपस्थित थे।
Discover more from समाज जागरण
Subscribe to get the latest posts sent to your email.



