
-कार्यालय में तैनात अधिकारी व कर्मचारी सहित आगंतुकों को झेलनी पड़ी परेशानी
फोटो:-प्रखंड परिसर में जमा वर्षा का पानी
वारिसलीगंज (नवादा) (अभय कुमार रंजन):-प्रखंड के ग्रामीण क्षेत्र से जल निकासी व्यवस्था सहित अन्य विकास कार्यों को अंजाम देने वाला प्रखंड कार्यालय खुद समस्याओं से घिरा है। गुरुवार को दोपहर बाद हुई वारिस ने कार्यालय सहित परिसर जलमग्न कर दिया। जिससे प्रखंड कार्यालय आने जाने वाले लोगों, अधिकारियों व कर्मचारियों को परेशानी से दो चार होना पड़ा। करीब चार वर्ष पूर्व नए प्रखंड कार्यालय बनाने के लिए आधा दर्जन भवनों को तोड़
दिया गया था। बाद में निर्माण कार्य भी शुरू किया गया परन्तु दो ठेकेदारों के बीच आपसी वर्चस्व के कारण नया भवन प्रखंड को नहीं मिल सका है। तोड़े गए भवन के मलवा प्रखंड परिसर में जहां-तहां जमा पड़ा है। जिस कारण पानी निकास का रास्ता बंद हो गया है। वर्षों बाद भी अधिकारियों की लापरवाही के कारण पानी निकासी की व्यवस्था नहीं किए जाने के कारण हल्की बारिश बाद भी प्रखंड कार्यालय परिसर जलमग्न हो जाता है। पिछले कुछ हफ्तों से भीषण गर्मी के बाद मंगलवार की आधी रात जोरदार बारिश हुई थी। जिससे गर्मी से राहत मिलने के साथ-साथ फसलों को काफी फायदा हुआ था। गुरुवार के दिन में हुई बारिश बाद प्रखंड कार्यालय परिसर सहित प्रखंड कार्यालय के कमरों में भी पानी जमा हो गया। पानी का निकास बंद रहने के कारण प्रखंड कार्यालय के उत्तरी परिसर में जमा पानी प्रखंड कार्यालय के कमरों सहित परिसर में फैल गया। प्रखंड के उत्तरी दरवाजे से घुसकर पानी दक्षिण दिशा में स्थित मुख्य दरवाजा से निकलना शुरू हो गया। फलत कार्यालय में कार्य कर रहे कर्मी सहित पहुंचे आम लोगों को काफी परेशानी झेलनी पड़ी। बता दें कि 2021 पंचायत चुनाव के समय नामांकन के प्रथम दिन हुए जोरदार बारिश के कारण भी प्रखंड कार्यालय जलमग्न हो गया था। तब आनन फानन में प्रखंड कार्यालय को छोड़कर दूसरे भवनों में नामांकन कराया गया था। समय रहते अगर प्रखंड कार्यालय से पानी निकास की स्थाई व्यवस्था नहीं की गई तो बरसात के समय प्रखंड कार्यालय में कार्य करना मुश्किल हो जाएगा।
इस संबंध में पूछे जाने पर प्रखंड विकास पदाधिकारी सत्य नारायण पंडित ने बताया कि प्रखंड परिसर में पानी जमा होने के कारण अधिकारियों सहित आम लोगों को परेशानी झेलनी पड़ती है। पानी निकास की स्थाई व्यवस्था कराने की व्यवस्था की जाएगी।
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