google-site-verification: google2b21991adbe5cec3.html

कोहरे और बर्फीली हवाओं ने ढाया कहर औरंगाबाद के लोगों का जनजीवन हुआ अस्त-व्यस्त ।

कड़कती ठंड कुहासे से निपटने के लिए औरंगाबाद जिले में
अलाव की व्यवस्था महज खानापूर्ति है ।

घने कोहरे के कारण सड़क पर अधिक दुर्घटना होने की संभावना बराबर बनी रहती है

समाज जागरण ,सत्य प्रकाश नारायण जिला संवाददाता/ धनंजय कुमार विधि संवाददाता औरंगाबाद।

औरंगाबाद (बिहार) 03 जनवरी 2023:- कोहरे और कड़ाके की ठंड से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है । 3 दिनों से पारा में लगातार गिरावट आने से ठंड में बढ़ोतरी हुई है। शीतलहर व ठंड का कहर इस कदरजनजीवन का को प्रभावित कर रहा है कि पैदल चलने वालों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। घने कोहरे के कारण सड़क पर अधिक दुर्घटना होने की संभावना बराबर बनी रहती है ।
औरंगाबाद जिले में कड़कती ठंड कुहासे से निपटने के लिए अलाव की व्यवस्था महज खानापूर्ति है । जिला प्रशासन के द्वारा जिला मुख्यालय के मस्जिद गणेश मंदिर, रमेश चौक और ओवरब्रिज के समीप बहुत हल्के मात्रे में अलाव की व्यवस्था देखी गई।

होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ शोभारानी एवं अनिल कुमार मिश्रा ने लोगों को ठंड से बचने की सलाह दी है। सदर अस्पताल से मिली जानकारी के अनुसार दिसंबर महीने में ब्रेन हेमरेज के 7 मामले आए थे जिसमें 4 लोग ठीक हो कर चले गए बाकी 3 लोगों को बेहतर उपचार के लिए रेफर करना पड़ा है।

होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ शोभारानी एवं अनिल कुमार मिश्रा ने बताया कि ठंढ़ से ब्रेन स्ट्रोक एवं ह्दयाघात की खतरा बढ़ जाते हैं और ब्लड प्रेशर वाले मरीज भी ठंड की चपेट में आ रहे हैं । ठंढ़ मारने से ब्रेन हेमरेज की समस्या ज्यादा होती है । दिल का दौरा भी पड़ने का खतरा बढ़ जाता है। अस्पताल में इलाज के लिए आए हुए व्यक्तियों की उम्र 40 से 60 वर्ष के बीच थी। इस उम्र के लोगों को सावधानी बरतने की जरूरत है। निजी अस्पतालों में भी ऐसे मामले बहुत तेजी से बढ़ रहे हैं। जिसकी आंकड़ा स्वास्थ्य विभाग के पास भी नहीं है।


Discover more from समाज जागरण

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

🛍️ Today’s Best Deals

(Advertisement)