
। %दैनिक समाजजागरण फारूक अंसारी नगीना में भारतीय वाल्मीकि महापंचायत में एसडीएम नगीना शैलेंद्र कुमार को मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा ज्ञापन में दलित सुमित कुमार बाल्मीकि जो नजीबाबाद में किराना की दुकान किराए पर लेकर करता था दुकान मालिक मनोज चौहान को जब पता चला कि मैंने सुमित बाल्मीकि को किराए पर दुकान दी है तो मनोज चौहान सुमित बाल्मीकि की दुकान में अपना ताला लगा दिया और सुमित बाल्मीकि से कहा कि मैं अब यह दुकान तुझे नहीं दूंगा मैं भंगिया को नीची जाति वालों को अपनी दुकान कभी नहीं दूंगा और गंदी गंदी गालियां बकते हुए जाति सूचक शब्द का इस्तेमाल करते हुए दुकान में अपना ताला डाल दिया और सुमित बाल्मीकि को जबरन जोर जर्बदस्ती धक्के मारते हुए गालियां देते हुए भगा दिया जो तुझ से हो कर लेना अब सुमित बाल्मीकि बेरोजगार हो गया उसका सारा किराने का सामान दुकान में बंद है और मनोज चौहान ने दबंगों की सहायता से मेरी दुकान पर कब्जा कर लिया है जबकि दुकान का 11 माह का एग्रीमेंट बना हुआ था बाल्मीकि समाज के लोगों में रोष व्याप्त है अखिल भारतीय वाल्मीकि महापंचायत के कार्यकर्ता ने उपजिलाधिकारी नगीना शैलेंद्र कुमार को ज्ञापन सौंपकर सुनील बाल्मीकि को न्याय दिलाने की बात कही है ज्ञापन में अखिल भारतीय वाल्मीकि महापंचायत के प्रदेश महासचिव अनूप बाल्मीकि अन्नू राजाराम बाल्मीकि विपिन कुमार बाल्मीकि सुमित कुमार बाल्मीकि सारा बाल्मीकि अमित कुमार वाल्मीकि आदि लोग ज्ञापन में मौजूद रहे
Discover more from समाज जागरण
Subscribe to get the latest posts sent to your email.



