टूटा हुआ स्लोगन का अक्षर आने जाने वाले राहगीरों के लिए बना हंसी का विषय
विजय शंकर पाण्डेय जिला संवाददाता/ समाज जागरण
सोनभद्र। विकास खंड नगवां के यूपी बिहार सीमा पर लोक निर्माण विभाग द्वारा बनवाया गया स्वागत द्वार पर लिखा स्लोगन का अक्षर वर्षों से टूट कर गिर गया है कुछ ही अक्षर शेष बचे हैं आने जाने वाले राहगीरों के लिए बना हंसी का विषय बहुत लोग आते जाते रूककर कुछ समय व्यतीत करते है यह भव्य सुंदर स्वागत द्वार देखने में बहुत अच्छा दिखता है लेकिन सुरक्षा और विभागीय उदासीनता की वजह से अपनी भव्यता खोता जा रहा है और आते जाते राहगीरों को मुंह चिढ़ाता है।
आप को बता दें कि अगले वर्ष भी स्लोगन टूटने के मामले को समाचार पत्रों ने प्रमुखता से प्रकाशित किया था जिसपर संबंधित विभाग के जेई द्वारा नया स्लोगन लगवाने का आश्वासन दिया गया था और बरसात के मौसम का हवाला देकर मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया था जेई का आश्वासन पर वही कहावत चरितार्थ होती है, ढाक के तीन पात, स्लोगन नहीं लगने को लेकर जब जेई से सेल फोन पर वार्ता किया गया तो उन्होंने ने कहा कि स्लोगन लग जायेगा बरसात का मौसम है इस समय नहीं लग पाएगा बरसात बाद लगा दिया जाएगा लेकिन विभाग की उदासीनता की वजह से आज भी टूटा हुआ स्लोगन विभाग की पोल खोल रहा है स्वागत द्वार के गुम्बद से टाइल्स का भी कुछ हिस्सा टूटकर गिर गया है।
क्षेत्रीय लोगों ने जिलाधिकारी सोनभद्र का ध्यान आकृष्ट कराते हुए संबंधित विभाग को तत्काल स्लोगन लगाने के लिए निर्देशित करने की मांग की है।
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