बिना भक्ति ज्ञान नहीं बिना ज्ञान के वैराग्य संभव नहीं
समाज जागरण मनोज कुमारसाह
गोड्डा
आज मंगलवार को तीसरे दिन महागामाप्रखंड अंतर्गत खदहरा माल शिव मंदिर परिसर में श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान यज्ञ को लेकर वृंदावन से आए कथावाचक स्वामी दिनेशानन्द शास्त्री उपाध्याय महाराज जी ने बताया कि श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान यज्ञ में आने वाले भक्त के लिए चला हुआ एक कदम करोड़ यज्ञ के समान फल मिलता है भक्ति ज्ञान वैराग्य की कथा सुनने से मोक्ष की प्राप्ति होती है बिना भक्ति के ज्ञान बिना ज्ञान के वैराग्य नहीं बिना वैराग्य के भगवान की कृपा नहीं जब कोई भगवान की कथा में ज्ञान की प्राप्ति होती है तब घर गृहस्थी को छोड़ने को भगवान की कथा स्थल तक आना कथा सुनना चाहे वैराग्यहो तो भगवान की कथा में बैठ जाना कथा सुनने सेआयु की वृद्धि होती है क्योंकि भागवत के कथा में अमृत का वास है जो भी व्यक्ति भगवान की कथा में बैठते हैं उसे नित्य आयु बढ़ती है महाराज जी ने कहा कि बिना सब्र के राम नहीं राम जी को पाना है तो सब धैर्य इच्छा रखना होगा तो राम आएंगे इसी सब्र का नाम पड़ा शबरी इस मौके परकथा स्थल पर सूबेके ग्रामीण विकास मंत्री सह पंचायती राज मंत्री श्री दीपिका पांडे सिंह भी कथा स्थल पहुंची भक्तों को संबोधित करते हुए कहा की कथा सुनने से सुधार होता है इस समाज में लोगों में अपने कर्तव्य का बोध होता है समाज के लोग सद्भावना से रहे तथा समाज में सबको सुख-दुख में शामिल भावना हो इस तरह का माहौल सत्संग का होता है यह कथा एक अच्छा आयोजन है महाराज जी हमेशा आए यहां के लोगों के आशीर्वाद से ही मैं यहांतक पहुंची हूं कथा में जजमान उदय भगत एवं उनकी पत्नी भी मंत्री महोदिया का स्वागत किया कथा स्थल पर हजारों की संख्या में श्रद्धालु युवती महिला एवं पुरुष मौजूद थी कथा स्थल पर कमेटी के सदस्यों नेभी बढ़ चढ़करकर हिस्सा लिया
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