इमामगंज , रानीगंज के धर्मशाला मैं मनाया गया भगवान परशुराम जयंती, समारोह। परशुराम सेना के सदस्यों ने इमामगंज रानीगंज मे पुलिस प्रशासन की देखरेख में शांति और सौहार्दपूर्ण भव्य रैली निकालकर हुंकार भरी । नारा से नाम से गूंज उठा
रानीगंज, इमामगंज
एक ही नारा एक ही नाम ,,,,
जय परशुराम, जय परशुराम,,
धनंजय कुमार वैद्य, अनिल कुमार पांडे,
दैनिक समाज जागरण,
ब्यूरो चीफ ~ बिहार , झारखंड (प्रदेश)
इमामगंज (गया ) ब्राम्हण भगवान परशुराम के वंशज हैं हमें कमजोर समझने की भूल लोग ना करें लोग, ब्राम्हण एक जाति नहीं बल्कि विचार है इसी लिए हम विश्व की कल्याण की बात करते हैं। ब्राह्मण समाज हर वर्ग को सम्मान देने का काम करती है। उक्त बातें इमामगंज ठाना के रानीगंज धर्मशाला में आयोजित भगवान परशुराम जयंती के अवसर पर राष्ट्रीय ब्राह्मण महासभा के अध्यक्ष इमामगंज मनोज शर्मा ने कही।
आगे बताया कि आज हमें एकजुट होकर अपनी उपस्थिति दर्ज करानी होगी, लोग हमें कमजोर और और लाचार समझने की भूल कर रहे हैं ।
वही वक्ता के रूप में शशि भूषण मिश्र, ने बताया कि कुछ लोगों को इतिहास के पन्ने पलटने की जरूरत है उन्हें मालूम हो की चंद्रगुप्त मौर्य की राज तिलक चाणक्य ने ही की थी, जो जाति से ब्राह्मण परिवार से आते थे। हमारी समाज की भूमिका को निर्देशित करने का काम करती है, जिसे लोग तोड़ मरोड़ कर, अलग-अलग रंग देकर ,ब्राह्मण विरोधी उन्माद फैलाना चाह रहे हैं ।
वक्ता कौशल किशोर पाठक ने बताया कि राजनीति में हमारी समाज की उपस्थिति दर्ज़ कराना बेहद जरूरी है। किसी राजनीतिक दल अब तक ना महत्व देते है नहीं टिकट । जिससे सरकार में भी अपनी भूमिका नगण्य है। , गया प्रमंडल में किसी भी ब्राह्मण परीवार को टिकट नहीं दिया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है, जो चिंता का विषय है। जब तक हम एकजुट नहीं होंगे तब तक हमे महत्व नही दिया जाएगा। एकता ही बल है जो हमे बरकरार रखने की जरूरत है।
वही वक्ता सुनील मिश्रा ने बताया की आज हमारे समाज के प्रतिभावान बच्चे देश चलाने में सक्षम है अभी अभी देश में सबसे कठिन परिक्षा यूपीएससी का परिक्षा फल घोषित किया गया जिसमे सर्वाधिक परीणाम हमरे समाज के बच्चों को मिला।
देश के राजनितिक दलों को हमे एहसास कराने की जरूरत है की ब्राह्मण किसी से कम नहीं। हमारी अहिंसा विचारधारा है , हम शस्त्र चलाना भी जानते हैं शास्त्र भी। बिना किसी आरक्षण के देश में हमारे बच्चों ने परचम लहराने का काम किया हैं। हम समाज के अग्रणी पंती में खड़ा है हमें लोग उपेक्षित ना करे हमारा समाज कभी बर्दास्त नही करेगा।
मुख्य अतिथि के रूप में शामिल , भोला मिश्रा, शिवकुमार भईया जी, अश्विनी कुमार पाठक, सुनिल पांडे, ने बताया की हमे आगे आने की जरुरत है, और समाज के युवा पीढ़ी को मार्ग दर्शन करने की जरुरत है, वह दिन दूर नहीं जब हम मजबूती के साथ देश में अपनी उपस्थिति दर्ज़ करा पाने में सफल होंगे।
परशुराम जयंती समारोह की अध्यक्षता मनोज शर्मा ने की वही संचालन, परमानंद मिश्रा, ने कीया
बताते चलें कि प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी परशुराम जयंती का आयोजन काफ़ी धूमधाम से मनाई गई । समाज में उपस्थित सभी व्यक्तियों को अंग वस्त्र एवं माला पहनाकर सम्मान दिया गया। इस आयोजन में झारखंड के प्रतापपुर प्रखंड ,बांके बाजार प्रखंड ,डुमरिया प्रखंड, पलामू जिला से हजारों ब्राह्मण परिवार एवं परशुराम सेना के सदस्य उपस्थित हुए।
इस तरह के आयोजन में हमारे परिवार के और समाज के लोग एकत्रित होना हम सब के लिए गर्व की बात है जो समाज में अच्छा संदेश देता हम आज भी एकजुट है। कुछ लोग यह नहीं चाहते की हमारा समाज एकत्रित हो। फूट डालो , और राज करने वाली नीति हमारे समाज के साथ करते आ रहे हैं जो अब नहीं चलेगा। अन्य वर्ग के राजनेता हमारी लाभ उठा तो उठा रहे हैं पर हमें लाभ से वंचित रखने का काम यही नेता करते हैं जबकि हम लोग भी राजनीतिक में एक सक्रिय कार्यकर्ता के रूप में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करते आ रहे हैं इसके बावजूद भी हमें उपेक्षित किया जा रहा है।आज हमारे बच्चे बीना सरकारी अनुदान के ही यूपीएससी परीक्षा में परीणाम लाते है। आगे कोई वर्ग आया है तो वह है ब्राह्मण परिवार के बच्चे जो, अपनी परचम लहराई है । हमे उन बच्चों पर गर्व है । हम सत्ता से बाहर रहकर भी सरकार चलाना जानते हैं। इस आयोजन में आशुतोष पांडे ,बालमुकुंद पाठक , पूर्णेन्दु कांत पाठक , विजय मिश्रा, नरेश शर्मा , प्रमोद पाठक , अवध किशोर तिवारी, कैलाश पाठक , शिव कुमार शास्त्री, बैजनाथ मिश्रा, उपेंद्र पांडे , डॉ.अनिल पांडे ,तपेश्वर तिवारी, रमन तिवारी, अभी शर्मा, मुकुल पाठक , देवेंद्र गिरी , रामनरेश शर्मा , सहित अन्य गणमान्य , बुद्धिजीवी, विप्र बंधु उपस्थित थे।



Discover more from समाज जागरण
Subscribe to get the latest posts sent to your email.



