दैनिक समाज जागरण अनील कुमार संवाददाता नबीनगर (औरंगाबाद) नबीनगर (बिहार) नबीनगर विधानसभा सीट पर एनडीए ने चेतन आनंद को प्रत्याशी बनाकर एक बड़ा दांव चला है। चेतन आनंद पूर्व सांसद आनंद मोहन और सांसद लवली आनंद के पुत्र हैं ।लवली आनंद नबीनगर विधान सभा से एक बार विधायक भी चुनी जा चुकी है। चेतन आनंद को जदयू ने अपना उम्मीदवार बनाया है। इस फैसले से इलाके की सियासत में हलचल मच गई है।
एनडीए ने चेतन आनंद को टिकट देकर राजपूत मतदाताओं को साधने की कोशिश की है। नबीनगर विधानसभा सीट पर राजपूत वोटरों का प्रभाव निर्णायक माना जाता है।

हालांकि, जदयू के दो दावेदारों – विरेन्द्र कुमार सिंह और संजीव कुमार सिंह ने इस फैसले पर असंतोष जताया है। दोनों नेताओं ने महीनों तक नबीनगर की जमीन पर मेहनत की थी और उन्हें उम्मीद थी कि टिकट उन्हीं में से किसी एक को मिलेगा। अब चेतन आनंद को टिकट मिलने से उनके समर्थकों में नाराजगी है। पिछले दिनों नबीनगर से लेकर पटना तक वीरेंद्र कुमार सिंह के समर्थकों ने बाहरी उम्मीदवार को लेकर विरोध प्रदर्शन भी किया है।अब देखना यह है कि चेतन आनंद नबीनगर विधानसभा सीट पर जीत हासिल कर पाते हैं या नहीं। साथ ही, यह भी देखना होगा कि स्थानीय असंतोष के चलते उनकी संभावनाओं पर कितना असर पड़ता है। विरेन्द्र सिंह और संजीव सिंह के समर्थक चेतन आनंद को बाहरी बता रहे हैं और आरोप लगा रहे हैं कि उन्हें स्थानीय नेताओं की तुलना में तरजीह दी गई है। अब यह देखना होगा कि यह मुद्दा चुनाव में कितना प्रभाव डालता है।



