वीरेंद्र चौहान, समाज जागरण ब्यूरो किशनगंज।
नर्सिंग होम की लापरवाही से मरीजों की मौत का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। बेलवा रोड स्थित रहमानी कलौनी के निकट संचालित मोहसिना हेल्थ केयर में चिकित्सकों की लापरवाही का मामला प्रकाश में आया है। जहां नवजात को जन्म देने के बाद (पश्चिम बंगाल) सुरजापुर निवासी नूरसेदा खातून कि मौत हो गई। परिजनों ने आरोप लगाया कि भर्ती के समय से ही डाक्टरों से बार-बार आग्रह किया गया कि प्रसूता की तबीयत बिगड़ रही है, लेकिन किसी ने गंभीरता से ध्यान नहीं दिया। सोमवार को नूरसेदा की मोहसिना हेल्थ केयर नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया था, जहां डॉक्टर द्वारा ऑपरेशन किया गया। ऑपरेशन के बाद जब मरीज को स्थिति बिगड़ गई, इसी दौरान चिकित्सकों की लापरवाही के कारण प्रसूता की मौत हो गई।
मृतिका की मौत की खबर सुनते ही परिजन गुस्से में नर्सिंग होम में जमकर तोड़फोड़ और मारपीट की। परिजनों की चीत्कार से पूरा माहौल गमगीन हो गया। बच्चा सुरक्षित है, लेकिन प्रसूता की मौत ने परिवार को गहरे सदमे में थे। परिजन दोषी चिकित्सकों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।अधिकांश कर्मचारी फरार हो चुके थे। घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर पुलिस पहुंची और जांच शुरू की।
यह कोई पहला मामला नहीं है। दो दिन फाले भी एक अन्य नर्सिंग होम में प्रसूता की मौत हुई थी। बावजूद इसके जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग की तरफ से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। लगातार हो रही ऐसी घटनाओं ने स्वास्थ्य सेवाओं की जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग द्वारा अवैध रूप से बिना लाइसेंस के सरकारी मानक को ताक पर रखकर ऐसे नर्सिंग होम की जांच कर कड़े कदम नहीं उठाया गया तो स्थिति दिन व दिन भयावह होती जा रही है।



