नई दिल्ली। बाजार में खरीदारी करते समय या सफर के दौरान आपने भी कभी फटा हुआ 10 या 20 रुपये का नोट दुकानदार को दिया होगा और उसने लेने से इनकार कर दिया होगा। छोटे नोटों के जल्दी खराब होने की यह परेशानी अब कम हो सकती है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ₹10 और ₹20 के नए पॉलीमर नोट लाने की तैयारी कर रहा है। ये नोट कागज के बजाय विशेष प्लास्टिक जैसी सामग्री से बनाए जाएंगे, जिससे इनके जल्दी फटने, गलने और खराब होने की आशंका कम होगी।
खास बात यह है कि नए नोट मौजूदा नोटों के मुकाबले दो से चार गुना अधिक समय तक चल सकते हैं। आरबीआई ने इन नोटों के परीक्षण और जारी करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई है।
अप्रैल 2027 से शुरू हो सकता है परीक्षण
मनीकंट्रोल की 30 अक्टूबर 2026 की रिपोर्ट के मुताबिक, आरबीआई ₹10 और ₹20 के पॉलीमर नोटों का पायलट प्रोजेक्ट 1 अप्रैल 2027 से शुरू करने की तैयारी में है। हालांकि, यह अभी प्रस्तावित समयसीमा है। अंतिम निर्णय परीक्षण और संबंधित प्रक्रियाओं पर निर्भर करेगा। Moneycontrol+1
कितने पॉलीमर नोट छापने की तैयारी है?
केंद्र सरकार ने आरबीआई के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। इसके तहत शुरुआती परीक्षण के लिए बड़ी संख्या में नए नोट तैयार किए जाएंगे।
- ₹10 के नोट: 100 करोड़ (1 अरब)
- ₹20 के नोट: 100 करोड़ (1 अरब)
- कुल नोट: 200 करोड़
इन नोटों को अलग-अलग परिस्थितियों में इस्तेमाल करके उनकी मजबूती, टिकाऊपन और आम लोगों की स्वीकार्यता की जांच की जाएगी। परीक्षण सफल होने के बाद नियमित रूप से जारी करने पर फैसला लिया जाएगा। Moneycontrol+1
कागज के नोटों से कितने अलग होंगे पॉलीमर नोट?
पॉलीमर नोट विशेष प्रकार की प्लास्टिक सामग्री से बनाए जाते हैं। इनकी कुछ खास विशेषताएं होंगी:
- पानी और नमी से जल्दी खराब नहीं होंगे।
- सामान्य कागजी नोटों की तुलना में कम फटेंगे।
- धूल और गंदगी का असर अपेक्षाकृत कम होगा।
- इनकी उम्र कागजी नोटों से दो से चार गुना तक अधिक हो सकती है।
- जालसाजी रोकने के लिए आधुनिक सुरक्षा विशेषताएं शामिल की जा सकती हैं। Moneycontrol+1
एटीएम में नहीं करना पड़ेगा बड़ा बदलाव
नए पॉलीमर नोटों को लेकर बैंकों के लिए भी राहत की खबर है। रिपोर्ट के मुताबिक, आरबीआई इन नोटों का आकार मौजूदा ₹10 और ₹20 के नोटों के समान रखने की योजना बना रहा है।
इससे एटीएम मशीनों की नोट रखने वाली कैसेट और अन्य उपकरणों में बड़े बदलाव की जरूरत नहीं पड़ेगी। इससे बैंकों को अतिरिक्त खर्च से बचने में मदद मिलेगी।
इससे पहले नए आकार के नोटों के चलते लगभग 2.4 लाख एटीएम मशीनों को बदलने या समायोजित करने में करीब 100 करोड़ रुपये खर्च हुए थे। Moneycontrol+1
क्या पुराने कागज के नोट बंद हो जाएंगे?
इस सवाल का जवाब है- नहीं। सरकार पहले ही स्पष्ट कर चुकी है कि पॉलीमर नोटों को मौजूदा कागजी नोटों के साथ ही जारी किया जाएगा। पुराने ₹10 और ₹20 के नोट बंद करने की फिलहाल कोई योजना नहीं है।
यानी नए नोट आने के बाद भी पुराने कागजी नोट प्रचलन में बने रहेंगे और वैध मुद्रा रहेंगे। Moneycontrol+1
आम लोगों को क्या होगा फायदा?
अगर परीक्षण सफल रहता है और पॉलीमर नोट नियमित रूप से जारी होते हैं, तो छोटे नोटों के जल्दी खराब होने की समस्या कम हो सकती है। इससे दुकानदारों, यात्रियों, छोटे कारोबारियों और आम लोगों को सुविधा मिलेगी। साथ ही बार-बार खराब नोट बदलने और नए नोट छापने की जरूरत भी कम हो सकती है।
फिलहाल लोगों को नए नोटों के लिए अप्रैल 2027 तक इंतजार करना पड़ सकता है। ध्यान रहे कि यह संभावित शुरुआत की तारीख है, आधिकारिक रूप से अंतिम जारी करने की तारीख नहीं।
स्रोत: मनीकंट्रोल की 30 अक्टूबर की रिपोर्ट | पॉलीमर नोटों पर सरकारी मंजूरी की रिपोर्ट
Discover more from समाज जागरण
Subscribe to get the latest posts sent to your email.



