•~ कालाबाजारी, ओवररेटिंग या कृत्रिम अभाव की शिकायत मिले तो किसान तत्काल करें संपर्क नंबर पर शिकायत
समाज जागरण/ अवधेश कुमार गुप्ता
सोनभद्र। खरीफ अभियान 2026 के दौरान फास्फेटिक उर्वरकों की बढ़ती मांग को देखते हुए जिला प्रशासन ने किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने के लिए बड़ा कदम उठाया है। जिला स्तरीय उर्वरक निगरानी समिति की संस्तुति के बाद जिलाधिकारी की स्वीकृति से जनपद की 38 सहकारी समितियों को डीएपी तथा 38 समितियों को एनपीकेएस उर्वरक आवंटित किया गया है।
सहकारिता विभाग एक प्रेस विज्ञप्ति मे बताया गया कि 598.250 मीट्रिक टन डीएपी (निर्धारित बिक्री मूल्य 1350 रुपये प्रति बैग) तथा 549.750 मीट्रिक टन एनपीकेएस (निर्धारित बिक्री मूल्य 1450 रुपये प्रति बैग) का आवंटन किया गया है। इस प्रकार कुल 1148.00 मीट्रिक टन फास्फेटिक उर्वरक जनपद की 76 सहकारी समितियों एवं उर्वरक बिक्री केंद्रों के लिए स्वीकृत किया गया है।विभाग ने बताया कि आवंटन के अनुरूप पीसीएफ द्वारा सहकारी समितियों और उर्वरक बिक्री केंद्रों तक खाद पहुंचाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, जिससे किसानों को समय पर उर्वरक उपलब्ध कराया जा सके।
विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे अपने नजदीकी सहकारी समिति या उर्वरक केंद्र से संपर्क कर खाद की उपलब्धता की जानकारी प्राप्त करें तथा केवल शासन द्वारा निर्धारित मूल्य पर ही उर्वरक खरीदें।यदि कहीं भी कालाबाजारी, ओवररेटिंग या कृत्रिम अभाव की शिकायत मिले तो किसान तत्काल सहकारिता विभाग के कंट्रोल रूम 9198788248, 9451637073, जिला कृषि अधिकारी कार्यालय 9452165778 अथवा अपर जिला कृषि अधिकारी 8881173660 पर सूचना दें, ताकि संबंधित मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।यह जानकारी सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक, सहकारिता, सोनभद्र द्वारा जारी आधिकारिक विज्ञप्ति में दी गई है।
Discover more from समाज जागरण
Subscribe to get the latest posts sent to your email.



