महिला बाल विकास विभाग उमरिया का मामला
उमरिया — उमरिया जिले की सक्षम आंगनवाड़ियों में रैन वाटर हार्वेस्टिंग, बनाने के नाम पर जमकर घोटाला हुआ है बताया जाता है कि मध्यप्रदेश शासन व्दारा सक्षम आंगनवाड़ी केंद्रों में वर्षा जल जो सीधे भूमि के अन्दर समाये और जल स्तर में सुधार हो की परिकल्पना कर रैन वाटर हार्वेस्टिंग के नाम पर प्रति आंगनबाड़ी लगभग 15900.00 रूपये की राशि वर्ष 2024-25 में प्रदान की गयी थी, लेकिन रैन वाटर हार्वेस्टिंग का काम पूरा हुए बगैर ही इस मद की राशि जिला महिला बाल विकास अधिकारी के व्दारा आहरित कर सरकारी खजाने को लंबी चपत लगायी जा चुकी है।
बताया जाता हैं कि किसी भी सक्षम आंगनवाड़ी में प्रॉपर रैन वाटर हार्वेस्टिंग का काम आज तक पूरा नहीं कराया गया है। बताया जाता है कि जिला महिला वाल विकास अधिकारी द्वारा इस घोटाले को पल्ववित करने के लिए अपने एक चहेते एजेंसी को रैन हार्वेस्टिंग का काम देकर कार्य करने के लिए टेंडर दिया गया था, संबंधित कार्य एजेंसी द्वारा सक्षम आंगनवाड़ी केंद्रों में रैन वाटर हार्वेस्टिंग के नाम पर कहीं पर सिर्फ गड्ढा खोद दिया तो कहीं पर सिर्फ पाइप लगा कर रैन हार्वेस्टिंग बना कर इति श्री कर ली गयी है । इस तरह कागजों में ही रैन वाटर हार्वेस्टिंग के काम को पूरा दिखा कर भुगतान कर दिया गया है ।
यहाँ तक तो जो हुआ सो हुआ,अब जिला महिला बाल विकास अधिकारी के व्दारा अपने ही विभाग के आंगनवाड़ीकार्यकर्ताओं पर दबाब बनाया जा रहा है कि कार्यकर्ता अपनी सैलरी के पैसों से रैन वाटर हार्वेस्टिंग के अधूरे कार्यों को जल्दी पूरा करने हेतु दबाव बनाया जा रहा है। कहा जाता है कि कुछ आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा दबाव में आकर केंद्रों पर अपनी जेब से पैसा लगाकर अधूरे रैन वाटर हार्वेस्टिंग कार्य को पूर्ण भी कर लिया है।
अभी भी 50 प्रतिशत सक्षम आंगनवाड़ी में रैन हार्वेस्टिंग के नाम पर कुछ भी कार्य नहीं किया गया। लेकिन कागजों पर कार्य दिखाकर एजेंसी को भुगतान करके पैसों का बंदर बांट करके अपनी अपनी जेब गर्म कर ली गई है ।
ज्ञात हो उमरिया जिले में कुल लगभग 117 सक्षम आंगनवाड़ी है,एक आंगनवाड़ी के लिए रैन हार्वेस्टिंग के लिए शासन द्वागया 15900/ रुपये आये थे। इस प्रकार लाखों रूपये जिला अधिकारियों के व्दारा बिना काम कराये शासन को लंबी चपत लगायी गई है। इस मामले में अब दबी जुबान में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं में विरोध के श्वर उभरने लगे हैं लेकिन कुछ कर सकने की स्थिति में न हो पाने के कारण अवसर की तलाश में बैठी है।
उमरिया जिले में हुये इस घोटाले की निष्पक्ष जाँच की मांग की गयी है ताकि महिला बाल विकास विभाग में फल फूल रहे भष्ट्राचार और घोटालों में अंकुश लग सकें।
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