व्याख्याता फूलचंद कोल हुए सेवानिवृत्त, पैतृक ग्राम में भी आयोजित हुआ सम्मान समारोह

43 वर्षों की अनुकरणीय सेवा के बाद भावभीनी विदाई, शिक्षकों और ग्रामीणों ने किया सम्मान समाज…