ब्यूरो चीफ सोनभद्र/ समाज जागरण
सोनभद्र। बभनी मुख्य बाजार स्थित संजीवनी सर्जिकल हॉस्पिटल में दो महिलाओं की बच्चेदानी असुरक्षित तरीके से निकाली गई। इस मामले का खुलासा शनिवार शाम स्वास्थ्य विभाग की छापेमारी के दौरान हुआ। छापेमारी के समय अस्पताल संचालक ने दोनों मरीज महिलाओं को एक कमरे में बंद कर दिया और मौके से फरार हो गया। मरीज घंटों तक अस्पताल में फंसे रहे। लगभग एक घंटे बाद, महिलाओं को अस्पताल के पीछे के रास्ते से खेतों में ले जाकर छिपाया गया। दोनों महिलाओं की बच्चेदानी का ऑपरेशन किया गया था। स्वास्थ्य विभाग के सह नोडल अधिकारी गुरु प्रसाद ने शनिवार शाम पांच बजे बभनी स्थित इस निजी अस्पताल पर छापा मारा। छापेमारी के दौरान, अस्पताल संचालक ने दो मरीजों को अंदर बंद कर दिया और फरार हो गया। बाद में, ऑपरेशन की गई महिलाओं को पैदल ही पीछे के रास्ते से खेतों में ले जाया गया और वहां बैठाया गया।
महिलाओं ने बताया कि उनकी बच्चेदानी का ऑपरेशन किया गया था। इसके बाद, उन्हें बिना नंबर प्लेट वाली गाड़ी में जबरन बैठाकर दूसरे निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। इस दौरान, मरीजों के परिजन अस्पताल के चक्कर लगाते रहे। जिन महिलाओं का ऑपरेशन किया गया, उनकी पहचान छत्तीसगढ़ के डूमरपान निवासी बुधनी पत्नी लालता और बचरा गांव निवासी उर्मिला पत्नी श्याम बिहारी के रूप में हुई है। मामले की कवरेज के लिए पहुंचे पत्रकारों को अस्पताल संचालक ने धमकाया। छापेमारी करने पहुंचे सह नोडल अधिकारी गुरु प्रसाद इस दौरान मौजूद रहे। सूत्रों के अनुसार, बभनी बाजार में कुछ दलालों के माध्यम से महिलाओं के गर्भाशय निकालने और गर्भपात जैसी घटनाओं को चोरी-छिपे अंजाम दिया जा रहा है। सह नोडल अधिकारी गुरु प्रसाद ने बताया कि संजीवनी सर्जिकल हॉस्पिटल को नोटिस जारी कर दिया गया है। इसके बाद सुबह अस्पताल में सील लगा दिया गया। वही पत्रकारों ने अपने साथ हुई बतमीजी को लेकर थाने में लिखित शिकायत देकर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।



