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यूपी के गांवों में घंटों बिजली की कटौती, शहरों में भी सप्लाई चरमराई, जानिए क्यों फिर बढ़ गया संकट




समाज जागरण
संवाददाता समाज जागरण


उत्तर प्रदेश के गांवों में बिजली संकट गहरा गया है। लोगों को भीषण बिजली कट का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीण इलाकों में 2 से 3 घंटे तक बिजली कटौती हो रही है। भीषण गर्मी के बीच बिजली की कटौती लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है। ओवरलोडिंग के कारण बड़े शहरों में बिजली सप्लाई प्रभावित हो रही है।

लखनऊ: गर्मी बढ़ने के साथ ही उत्तर प्रदेश में बिजली संकट (Uttar Pradesh Power Crisis) एक बार फिर गहराने लगा है। मांग बढ़ने की वजह से ग्रामीण इलाकों में बिजली कटौती शुरू हो गई है। पावर कॉरपोरेशन अपने आंकड़ों में मान रहा है कि गांवों में जहां 2 से 3 घंटे और तहसील स्तर पर शेड्यूल से करीब 1:15 घंटे की बिजली कटौती हो रही है। लेकिन असल में कटौती कई घंटों की हो रही है। मांग बढ़ने की वजह से पीक आवर्स में सबसे ज्यादा कटौती हो रही है। कटौती से लखनऊ, प्रयागराज, वाराणसी, कानपुर, बरेली, नोएडा, गाजियाबाद जैसे बड़े शहर भी अछूते नहीं हैं। ओवरलोडिंग के नाम पर बड़े शहरों में भी जमकर कटौती हो रही है। ओवरलोडिंग की वजह से ट्रांसफॉर्मर फुंकने और ट्रिपिंग होने की शिकायतें भी खूब मिल रही हैं।
चार यूनिटों बंद हुआ उत्पादन
मौजूदा समय में प्रदेश में बिजली की मांग 25,000 मेगावॉट के पार पहुंच गई है। लेकिन इतनी बिजली की उपलब्धता पीक आवर्स में कॉरपोरेशन के पास नहीं है। इसकी वजह से कटौती हो रही है। कटौती एक बड़ी वजह कई पावर प्लांटों का बंद होना भी है। मौजूदा समय में पावर कॉरपोरेशन को बिजली देने वाले चार यूनिटें बंद चल रही हैं। इन पावर कॉरपोरेशन को करीब 1451 मेगावॉट बिजली मिलती है। इसके अलावा पारीछा की 2500 मेगावॉट की यूनिट भी बंद चल रही है। इस यूनिट के मंगलवार को शुरू हो जाने की उम्मीद है।
आगे और बढ़ सकती है बिजली की मांग
पावर कॉरपोरेशन के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक जिस तरह से गर्मी और उमस बढ़ रही है। उसकी वजह से आने वाले दिनों में बिजली की मांग और बढ़ सकती है। ऐसे में बिजली की कटौती और भी ज्यादा लंबी हो सकती है। खासतौर पर गांव और तहसील स्तरों पर अभी कुछ और दिनों तक बिजली का संकट रह सकता है। भीषण गर्मी का प्रकोप जारी रहने की स्थिति में बिजली की मांगा में अभी और इजाफे की संभावना जताई गई है। बारिश का मौसम आने के बाद ही बिजली की मांग में कमी आने का अनुमान जताया जा रहा है।

गर्मी के बढ़ने के साथ ही बिजली ने सताना शुरू कर दिया है। शहरी क्षेत्र में 2 से 5 घंटे तक बिजली कटौती इन दिनों हो रही है। अधिकारी लोकल फॉल्ट की बात कहकर अपना पल्ला झाड़ लेते लेकिन उसे ठीक होने में घंटों का समय लग जा रहा। शहर के विजयनगर, कैलाश नगर, प्रताप विहार, दिल्ली गेट, चंद्रपुरी, लोहिया नगर, सिहानी, घूकना, हरवंश नगर समेत 20 से ज्यादा कॉलोनियों में बिजली की आंख मिचौली पिछले महीने के मुकाबले कुछ ज्यादा ही हो रही है। पिछले लगभग एक सप्ताह से इन कॉलोनियों में 2 से 5 घंटों के लिए बिजली गुल हो रही है। कई बार सुबह के समय बिजली गुल होने से लोगों को पीने के पानी के लिए भी इंतजार करना पड़ता है और पानी नहीं होने के कारण ऑफिस जाने वालों को ज्यादा परेशानी होती है।

विजय नगर में रहने वाले रोहित ने बताया कि दिन में कई बार बिजली आधे से एक घंटे के लिए जाती है, लेकिन कई बार दो से चार घंटे के लिए भी गुल हो जाती है। घर में इनवर्टर नहीं होने के कारण गर्मी में बहुत अधिक दिक्कत हो रही है। दिल्ली गेट में रहने वाले अशोक ने बताया कि पिछले एक सप्ताह से रोजाना 2 से 4 घंटे का कट लग रहा है। बिजली घर पर पता करने जाओ तो बताया जाता है कि लोकल फॉल्ट है, जिसे सही करवाया जा रहा है लेकिन कब आएगी बिजली ये बताने वाला कोई नहीं है।


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