अनूपपुर ,अमलाई। अमलाई स्थित अतिरेक भवन में हिंदू सम्मेलन का आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। सम्मेलन में संत समाज, मातृशक्ति एवं संघ से जुड़े वक्ताओं की गरिमामयी उपस्थिति रही।
संत समाज की ओर से सूर्यमणि जी ने धर्म और संस्कारों पर अपने विचार रखे उन्होंने अपने वक्तव्य में बताया कि कैसे हिंदू समाज पूर्व में संगठित था जिसमें जाति व्यवस्था तो थी लेकिन छुआ छूत की भावना नहीं थी और कैसे सनातन में सभी लोग एक दूसरे का सम्मान और सहयोग की भावना रखते थे मातृशक्ति की प्रतिनिधि के रूप में सुश्री श्रुति तिवारी ने नारी शक्ति की भूमिका पर प्रभावशाली उद्बोधन दिया। वहीं संघ वक्ता के रूप में कुलदीप जी ने समाज को संगठित रहने का संदेश दिया। कार्यक्रम के अध्यक्ष का दायित्व उपखंड स्तर पर राजेश कुमार गौतम द्वारा निभाया गया।

कार्यक्रम में देवहरा मंडल से संजय नगर सहित आसपास के क्षेत्रों के गणमान्य नागरिकों की सहभागिता रही। विशेष रूप से जिला बौद्धिक प्रमुख एडवोकेट जयप्रकाश जी ने कार्यक्रम का नेतृत्व किया और संघ के सत्येंद्र जी, कुटुंब प्रबोधन प्रभाकर जी, एवं सोनम सोनी की उपस्थिति उल्लेखनीय रही।
श्रोताओं के रूप में अमलाई क्षेत्र के समाजसेवियों के समूह से जुड़े अनेक लोग उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से
संदीप पुरी, पवन गलवानी, अजय सिंह, सुरेंद्र सोनी, राजेश गौतम, संजय दहिया, अजय दहिया, अखिलेश सिंह, रवि दुबे,यदुराज पनिका, प्रदीप मिश्रा दरोगा, दीनू पासी ,विजय तिवारी ,जीवन यादव, प्रकाश राय शामिल रहे।
मातृशक्ति के रूप में तारा तिवारी, रंजना सोनी, रीना यादव, विमला दुबे, सोनम सोनी सहित अनेक महिलाओं ने सक्रिय सहभागिता निभाई।
सम्मेलन का उद्देश्य समाज में सांस्कृतिक चेतना, पारिवारिक मूल्यों एवं हिंदू एकता को सुदृढ़ करना रहा, जिसे उपस्थित जनसमूह ने सराहा।



