गढ़िया रंगीन “/शाहजहांपुर
नमस्कार… मैं खड़ा हूँ शाहजहांपुर जिले के जैतीपुर ब्लॉक के कुनिया गांव में। कैमरा घुमाइए ज़रा… ये देखिए—विकास की चमकती तस्वीरें! सड़क नहीं, कीचड़ है… गली नहीं, तालाब है… और लोग कहते हैं यहां प्रधान जी का विकास मॉडल चल रहा है। प्रधान जी कहते हैं – ‘हमने गांव को स्वर्ग बना दिया।’ गांव वाले कहते हैं – ‘हाँ, बस फरक इतना है कि स्वर्ग में रास्ते दूध-घी के होते हैं और यहां कीचड़ के।’
प्रधान जी छाती ठोक कर कहते हैं – ‘हमने विकास किया है।’
गांव वाले बोल उठते हैं – ‘शर्म करो प्रधान जी, अगर यही विकास है तो बरसात में हमारी नाव और सर्दी में हमारी चप्पलें तक विकास की भेंट चढ़ जाती हैं।’ तो जनाब, जिगीनिया गांव की ये गली नहीं, बल्कि नेताओं के वादों की ‘परीक्षा पटरी’ है। और हर बार यही साबित करती है कि नेताओं का विकास सिर्फ भाषणों में दौड़ता है, असलियत में तो कीचड़ में फिसल जाता है!”




