नन्ही बालिकाओं ने कत्थक नृत्य से मां सरस्वती की वंदना प्रस्तुत की
समाज जागरण | अश्विनी वालिया
कुरुक्षेत्र।। देश के विभिन्न राज्यों से अपने घरों से निकाले गए एवं अपनों द्वारा ठुकराए गए बुजुर्गों को आश्रय देने वाले प्रेरणा वृद्धाश्रम में शुक्रवार को बसंत पंचमी का पर्व श्रद्धा एवं उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर महान स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाष चंद्र बोस को श्रद्धा पुष्प अर्पित कर भावपूर्ण स्मरण किया गया।

प्रेरणा वृद्धाश्रम के संस्थापक एवं संचालक डॉ. जय भगवान सिंगला ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सुभाष चंद्र बोस जैसे नेता युगों में एक बार जन्म लेते हैं। देश के प्रति उनकी निष्ठा और आजाद हिंद फौज का गठन अंग्रेजी हुकूमत की नींव हिलाने वाला कदम था। वे निडर, साहसी और संघर्षशील व्यक्तित्व के धनी थे।
मुख्य अतिथि के रूप में जर्मनी निवासी भारत की बेटी श्रुति ने कहा कि जर्मनी में भी सुभाष चंद्र बोस को बड़े सम्मान के साथ याद किया जाता है। उन्होंने हिटलर के सामने भारत के सम्मान की रक्षा करते हुए साहसपूर्वक अपनी बात रखी थी।
इस अवसर पर वीर हकीकत राय को भी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। उनकी वीरता पर हरकेश पपोसा ने कविता के माध्यम से भावपूर्ण विचार प्रस्तुत किए।
कार्यक्रम के अंतर्गत बसंत पंचमी के पावन अवसर पर सुरेखा एवं तन्वी पपोसा ने कत्थक नृत्य के माध्यम से मां सरस्वती की वंदना एवं स्तुति प्रस्तुत कर समां बांध दिया। कलाकारों ने मां सरस्वती से सभी को सद्बुद्धि, ज्ञान एवं कला में निपुणता प्रदान करने की प्रार्थना की।
मंच संचालन हरकेश पपोसा ने किया। कार्यक्रम में उपाध्यक्ष किरण गर्ग, नरेश गर्ग, आशा सिंगला, मोनिका सिंगला, कमाली पापोसा, तन्वी पापोसा, हर्षित पापोसा, शिल्पा सिंगला, बेबी अश्वी, बेबी आराध्या, प्रेरणा संस्था प्रधान जसवीर गुंबर सहित वृद्धाश्रम के सभी बुजुर्ग मौजूद रहे।



