*सभी महिलाएं कार्तिक पूर्णिमा स्नान करने के लिए चुनार रेलवे स्टेशन पर उतरते वक्त कालका एक्सप्रेस ट्रेन की चपेट में आने से मौत*
*समाज जागरण*
राजगढ़ मीरजापुर /कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर स्नान करने आ रहे लगभग आधा दर्जन श्रद्धालु ट्रेन से कटे जिसमें कालका एक्सप्रेस की चपेट में आने से हृदय विदारक मौत। कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर हर वर्ष लाखों की संख्या में श्रद्धालु नगर में स्थित चुनार बालू घाट गंगा के तट पर स्नान दान करने आते रहे है।स्थानीय प्रशासन व पुलिस प्रशासन के द्वारा सुरक्षा ब्यवस्था के मद्देनजर अतिरिक्त पुलिस की तैनाती के साथ जल पुलिस की भी तैनाती रहती है। नगरपालिका परिषद के द्वारा भी श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पानी मे वैरिकेडिंग एवं पर्याप्त प्रकाश ब्यवस्था की जाती है। लेकिन आरपीएफ, जीआरपी व स्टेशन मास्टर की लापरवाही के चलते आधा दर्जन लोगों को जान गवानी पडी़। प्राप्त समाचार के अनुसार प्रातः 9.30 बजे गोमो से प्रयागराज जाने वाली सवारी गाड़ी़ प्लेट फार्म नंबर चार पर रुके यात्रीगण जल्दी बाजी मे प्लेट फार्म नंबर तीन की ओर उतर कर बाहर निकलने के गाड़ी से निचे उतर गये। तभी गाड़ी नंबर 2311 कालका एक्सप्रेस धडधडाती हुई आ गई लोगों को पिछे हटने का मौका भी नही मिल पाया और काल के गाल में समा गये।


घटना के बाद स्टेशन परिसर मे कोहराम मच गया और इसकी जानकारी जंगल में आग की तरह फैल गई। देखतें ही देखते लोगों की भीड़ स्टेशन पर बढने लगी आनन फानन मे आरपीएफ के जवानों ने शवों को तत्काल सील कर स्टेशन पर बनाए गयें शव गृह में रख दिया। दुर्घटना की शिकार होने वालों मे 1- सविता 28 वर्षीय पुत्री राजकुमार निवासी कम्हरिया थाना राजगढ़, साधन 16 वर्षीय पुत्री विजयशंकर, शिवकुमारी 12 वर्षीय पुत्री विजयशंकर,अंजू देवी 20 वर्षीय पुत्री श्याम प्रसाद,सुशीला देवी 60 वर्षीय पत्नी मोतीलाल, कलावती देवी 50 वर्षीय पत्नी जनार्दन यादव ग्राम वसवा थाना कर्मा की निवासनी है। आरपीएफ द्वारा बताए गए मृतकों की संख्या पर स्टेशन पर मौजूद लोगों मे तरह तरह की चर्चा है। स्टेशन मास्टर दोषी क्यो मौजूद लोगों का कहना था कि रोज की तरह प्लेट फार्म नंबर 5 पर यदि गाडी रुकी होती तो यह घटना नहीं होती और लोगों को आने जाने में फूट ओवर बृज से बाहर निकल जाते।स्नान दान के पर्व पर हर वर्ष दक्षिणांचल से भारी संख्या में श्रद्धालु स्नान दान के लिए पैसैंजर गाडी से आते रहे।यदि चौकसी बरती गई होती तो आधा दर्जन महिलाओं को अपनी जान नही गवानी पडती। घटना की जानकारी होते ही गंगा घाट पर मौजूद एसपी सोबेन वर्मा,अपर पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार मिश्रा, एसडीएम राजेश कुमार वर्मा, सीओ मंजरी राव तत्काल घटना स्थल पर पहुचे और इस संबंध मे उच्चाधिकारियों को अवगत कराया। जानकारी होते ही जिलाधिकारी पवनकुमार गंगवार भी मौके पर पहुचे तत्पश्चात तत्परता दिखाते हुए राज मंत्री संजय कुमार गौड़ भी मौके पर पहुंच कर मृतकों के परिवार जनो से मिलकर उनको ढांढस बन्धाया और सरकार से मिलने वाली सुविधाओं को दिलाने को कहा। मौके पर मौजूद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सोमेन वर्मा व अन्य आला अधिकारियों ने शवों का पंचनामा करवा कर पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मिटा के परियों को आर्थिक सहायता भी देने की घोषणा की गई।



