नोएडा समाज जागरण डेस्क
नोएडा : थाना सेक्टर 142 पुलिस ने फर्जी कॉल सेन्टर का भंडाफोड़ करते हुए 73 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है उनके पास से 73 कम्प्यूटर सिस्टम बरामद किया है। इसके अलावा पुलिस को 14 मोबाइल , 48 हजार रुपया कैश बरामद किया है। पुलिस ने कुछ अन्य इलेक्ट्रानिक उपकरण बरामद होने की बात भी बताया है। यह कॉस सेंटर नोएडा सेक्टर 90 में संचालित था।
नोएडा मे बैठकर अमेरिकी नागरिकों के साथ धोखाधड़ी करने वाले कॉल सेन्टर नोएडा सेक्टर 142 थाने क्षेत्र से संचालित हो रहा था । पुलिस के नाक के नीचे बैठ खुल गया इतना बड़ा फर्जी कॉल सेन्टर। नोएडा पुलिस के द्वारा किए गए प्रेस वार्ता मे पुलिस ने बताया है कि फर्जी कॉल सेन्टर बनाकर करोड़ो रुपये के ठगी किए गए है। यह लोग अमेरिकी नागरिकों के बारे मे जानकारी एकत्र करके उनसे ठगी करते थे। इस मामले मे नोएडा पुलिस ने कुल 73 लोगों को गिरफ्तार किया है जिसमे से 40 पुरुष और 33 महिलाएँ शामिल है। गिरोह का सरगना हर बार कि तरह इस बार भी पुलिस के गिरफ्त से बाहर है।
सवाल उठता है कि आखिर नोएडा जैसी हाइटैक सिटी और हाइटैक पुलिस कमीशनरेट मे पुलिस के नाक के नीचे कैसे खुल जाते है फर्जी कॉल सेन्टर। और पुलिस को भनक तक भी नही लगती है। 73 लोग एक कॉल सेन्टर से गिरफ्तार करना पुलिस के लिए बड़ी उपलब्धि के साथ ही प्रश्न चिंह भी है क्या नोएडा पुलिस के लोकल इंटेलिजेंसी का फेलियर है। ये पहली बार नही है जब नोएडा मे इस तरह के बड़े खुलासे हुए है इससे पहले भी कई फर्जी कॉल सेन्टर और पोंजी स्कीम वाले पकड़े गए है। आखिर कौन लोग है जो इनको बढ़ावा दे रहे है। कॉल सेन्टर मे नौकरी के नाम पर शामिल किए गए 73 लोगों को क्या इसके बारे मे पता था कि वह जो कर रहे है वह धोखाधड़ी है।

आखिर सोशल मिडिया पर व्यस्त रहने वाले पढे लिखे अग्रिम श्रेणी के युवाओं को कैसे झांसे मे लिया जाता है। हर बात को लेकर सोशल मिडिया मे ट्रैंड चलाने वाले लोग इतने आसानी से जाल-साजों के चक्कर मे कैसे फंस जाते है। किराए मामूली से मकान के लिए पुलिस वेरिफिकेशन और रेंट एग्रीमेंट मांगने वाली योगी सरकार के पुलिस को फर्जी कॉल सेन्टर माफिया कैसे गिरफ्त ले लेते है। क्या बाकई मे बेरोजगारी इतनी है कि युवा समझ नही पाते है कि क्या करना है और क्या नही। मुजफ्फरपुर मे पकड़े गए नेटवर्किंग कंपनी और उसके कारनामे के बाद भी आखिर लोग सचेत क्यो नही हो रही है। ऐसे कई सवाल है जिसके जबाब स्वयं समाज को तलाशने की जरुरत है। जबाब मिले तो कमेंट जरुर कीजिएगा।
Discover more from समाज जागरण
Subscribe to get the latest posts sent to your email.



