जैतो,26 मई : उत्तर रेलवे के फिरोजपुर रेल मंडल द्वारा मंगलवार को जारी प्रैस विज्ञप्ति में बताया कि फिरोजपुर मंडल में सतत एवं नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा देने हेतु भारत सरकार की प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के अंतर्गत रेलवे स्टेशनों पर बड़े पैमाने पर रूफटॉप सोलर पावर सिस्टम स्थापित किए जा रहे हैं।
यह पहल भारतीय रेल की पर्यावरण-अनुकूल, ऊर्जा-कुशल एवं हरित परिवहन व्यवस्था विकसित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।वर्तमान में फिरोजपुर मंडल के 22 रेलवे स्टेशनों पर रूफटॉप सोलर पावर सिस्टम सफलतापूर्वक कार्यरत हैं, जिनकी कुल स्थापित क्षमता 846 किलोवाट है। इसके अतिरिक्त हाल ही में 12 अन्य रेलवे स्टेशनों पर लगभग 400 किलोवाट क्षमता के सोलर प्लांट सफलतापूर्वक स्थापित किए गए हैं। इन सोलर प्रणालियों से उत्पन्न विद्युत ऊर्जा का उपयोग सीधे स्टेशन के विद्युत भार को पूरा करने में किया जा रहा है, जिससे पारंपरिक विद्युत ग्रिड पर निर्भरता कम हो रही है तथा बिजली व्यय में कमी आ रही है।
वित्तीय वर्ष 2025–26 के दौरान इस सोलर इंफ्रास्ट्रक्चर से लगभग 5,31,076 यूनिट हरित ऊर्जा का उत्पादन हुआ है, जिससे लगभग ₹37.18 लाख की विद्युत लागत की बचत हुई है। यह उपलब्धि रेलवे संचालन में नवीकरणीय ऊर्जा के आर्थिक एवं पर्यावरणीय लाभों को स्पष्ट रूप से दर्शाती है।इस पहल से निम्नलिखित प्रमुख लाभ प्राप्त हो रहे हैं। पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों से बिजली की खपत में कमी, ऊर्जा व्यय में उल्लेखनीय बचत, रेलवे स्टेशनों पर ऊर्जा सुरक्षा एवं विश्वसनीयता में वृद्धि, स्वच्छ, नवीकरणीय एवं सतत ऊर्जा को बढ़ावा, कार्बन उत्सर्जन में कमी एवं पर्यावरण संरक्षण को बल शामिल हैं।
फिरोजपुर मंडल ने अपनी दीर्घकालिक सतत विकास योजना के अंतर्गत वित्त वर्ष 2026–27 में अतिरिक्त 1.15 मेगावाट सोलर ऊर्जा क्षमता स्थापित करने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसके पूर्ण होने पर मंडल की ऊर्जा दक्षता और अधिक सुदृढ़ होगी, विद्युत आपूर्ति की विश्वसनीयता बढ़ेगी तथा पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि होगी।उत्तर रेलवे के फिरोजपुर रेल मंडल द्वारा अतिरिक्त मेगावाट सोलर ऊर्जा क्षमता स्थापित करने का दृश्य।



