बिरासनी रामायण कमेटी के गडबड झाले का कमाल
बिरसिंहपुर पाली —धर्म मय नगरी के नाम से प्रसिद्ध पाली नगरी में माँ जगत जननी बिरासनी के प्रांगण में संपन्न हुई रामायण कमेटी जो पिछले 35 वर्षों से रामायण प्रतियोगिता का आयोजन कर हर साल लाखों रुपये का गोल माल करते आ रहा है, यह प्रतियोगिता कमा चंदा माफिया बनकर रह गया है, और उसके सनक में उसने क्षेत्रीय विधायक सुश्री मीना सिंह के प्रतिष्ठा को ही भूला बैठे। यह महज आरोप नहीं बल्कि यह बिरासनी रामायण कमेटी के इतिहास में कैद हो चुका है। न जाने बिरासनी रामायण कमेटी से यह भूल कैसे कर बैठा, नहीं तो रामायण प्रतियोगिता के शुभारंभ के लिए जबलपुर जिले के पश्चिम क्षेत्र के विधायक अभिलाष पाण्डेय के हाथों से संपन्न कराया गया था, जबकि समापन अवसर पर शहडोल जिले की विधायक श्रीमती मनीषा सिंह के श्री मुख से संपन्न हुई। बिरासनी रामायण कमेटी के व्दारा बनाये गये पोस्टरों में भी उमरिया जिले के बांधवगढ़ विधानसभा के विधायक शिव नारायण सिंह और श्रीमती मनीषा सिंह के साथ अन्य गण मान्य नागरिकों का नाम अंकित है, इन सब जन प्रतिनिधियों को जिस सम्मान और आदर के साथ आमंत्रित किया गया, मंच पर उनका मंच पर स्वागत,वंदन ,अभिनंदन किया गया फिर क्या वजह हुई की क्षेत्रीय विधायक की जानबूझकर यह अवहेलना,अपमान क्यों किया गया।
इस घटना से क्षेत्रीय विधायक भी मर्माहत हुई है, जिसकी चर्चा नगर में जोरों से जारी है। बताया जाता है कि बिरासनी रामायण कमेटी के सर्वे सर्वा बिरासनी मंदिर कमेटी का पंडा ही है, जिसके ऊपर बिरासनी प्रबंध कमेटी की कृपा बनी रहती है, जिसके कारण वह मंदिर में भी काले पीले कारनामे के लिए चर्चा में बने रहते हैं और साल दर साल रामायण कमेटी के नाम पर हर साल लाखों का चंदा एकत्रित कर गडबड झालो को अंजाम देते हैं। मुफ़्त का प्रांगण, मुफ्त की बिजली, पानी, आवास,पुरूष्कार सब कुछ मिलने के बाद लाखों का वारा न्यारा चर्चा में बना हुआ है। बिरासनी रामायण कमेटी का कभी कोई हिसाब -किताब नहीं होता और कितनी राशि आयी कभी सर्वजनिक नहीं की जाती। इससे अब दान दाताओं में भी आक्रोश बढता जा रहा है। अपेक्षा है कि जिला प्रशासन बिरासनी रामायण कमेटी के चंदे और भुगतान की वैधानिकता के लिए निष्पक्ष जांच कराने की कृपा करेंगी, ताकि सब कुछ पारदर्शिता के साथ जनता के सामने रखा जा सकें
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