वीरेंद्र चौहान, समाज जागरण ब्यूरो, किशनगंज।
किशनगंज प्रखंड कार्यालय स्थित मनरेगा भवन में राहत संस्था के संयुक्त तत्वावधान में बाल विवाह मुक्त भारत अभियान को सफल बनाने हेतु एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रखंड विकास पदाधिकारी कर्मवीर कुमार ने की।
कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य बाल विवाह उन्मूलन को लेकर जन-जागरूकता बढ़ाना एवं प्रत्येक पंचायत को बाल विवाह मुक्त बनाना था। कार्यक्रम में विभिन्न पंचायतों के जनप्रतिनिधि, मुखिया, सरपंच, जीविका कर्मी, आंगनवाड़ी सुपरवाइजर, आईसीडीएस एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
इस अवसर पर प्रखंड विकास पदाधिकारी कर्मवीर कुमार ने कहा कि बाल विवाह मुक्त भारत बनाना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि 18 वर्ष से कम आयु में लड़कियों तथा 21 वर्ष से कम आयु में लड़कों का विवाह कानूनन अपराध है। उन्होंने पंचायत प्रतिनिधियों से अपने-अपने क्षेत्रों में बाल विवाह रोकने के लिए सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
राहत संस्था की सचिव डॉ. फरजाना बेगम ने बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 की जानकारी देते हुए बताया कि बाल विवाह में शामिल होने पर कानूनी कार्रवाई का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि कानून के उल्लंघन पर दो वर्ष की सजा एवं एक लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है। अतः समाज के प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व है कि वह बाल विवाह रोकने में सहयोग करे।
मुखिया उषा खातून एवं साजदा खातून ने कहा कि अक्सर गरीब परिवार सामाजिक दबाव में बाल विवाह कर देते हैं, जिसे रोकना अत्यंत आवश्यक है। वहीं मुखिया महीन गांव ने भी अभियान को पूर्ण सहयोग देने की प्रतिबद्धता जताई।
कार्यक्रम में पंचायत सचिव मनोज कुमार, कजरी पंचायत सचिव संजय कुमार, आईसीडीएस सुपरवाइजर वाणी कुमारी, रीता कुमारी, पूनम देवी, आरती कुमारी सहित अन्य कर्मियों ने भाग लिया। राहत संस्था की ओर से यासीन परवीन, विपिन बिहारी एवं बेबी नाज भी उपस्थित रहीं।
कार्यशाला में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि सभी बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ना आवश्यक है, क्योंकि शिक्षा से ही बच्चे-बच्चियां सशक्त बनेंगे और अपने अधिकारों को समझ सकेंगे।
कार्यक्रम के अंत में प्रखंड कार्यालय परिसर में पौधारोपण किया गया। इस अवसर पर राहत संस्था की सचिव डॉ. फरजाना बेगम ने प्रखंड विकास पदाधिकारी कर्मवीर कुमार के हाथों फलदार पौधा लगवाया।
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