अवैध रूप से संचालित पैथोलॉजी, नर्सिंग होम एवं बायोमेडिकल वेस्ट निस्तारण में लापरवाही पर जिला प्रशासन की कड़ी कार्रवाई — 14 संस्थान सील



वीरेंद्र चौहान, समाज जागरण ब्यूरो किशनगंज।

जिलाधिकारी विशाल राज की अध्यक्षता में एवं सिविल सर्जन की उपस्थिति में किशनगंज जिले के सभी निजी अस्पतालों में बायोमेडिकल वेस्ट के उचित निस्तारण की नियमित मॉनिटरिंग से संबंधित बैठक आयोजित की गई थी। बैठक में सभी अस्पतालों से दैनिक बायोमेडिकल वेस्ट उठाव की स्थिति पर कड़ी निगरानी रखने तथा शहरी क्षेत्र के सभी निजी अस्पतालों की भौतिक जांच कराने का निर्देश दिया गया था।



उक्त निर्देश के आलोक में सिविल सर्जन द्वारा जिले के विभिन्न निजी स्वास्थ्य संस्थानों में बायोमेडिकल वेस्ट के मानक निष्पादन से संबंधित व्यापक जांच की गई। जांच के क्रम में कई निजी संस्थानों में गंभीर विसंगतियाँ पाई गईं। विदित हो कि पूर्व में भी नगर परिषद द्वारा ऐसे मामलों की जांच की गई थी जिसमे पाया गया कि बायोमेडिकल वेस्ट का निस्तारण में निर्धारित मानक का अनुपालन नही किया जा रहा है ,और उनके द्वारा संबंधित के विरुद्ध अर्थदंड भी अधिरोपित किया गया था ।


अनेक निजी पैथोलॉजी एवं नर्सिंग होम में बायोमेडिकल वेस्ट निस्तारण की मानक प्रक्रिया का पालन नहीं किया जा रहा था।
कचरे को अधिकृत एजेंसी के माध्यम से निष्पादित करने के बजाय यत्र-तत्र फेंका जा रहा था, जिससे संक्रामक रोगों के फैलने की प्रबल आशंका तथा पर्यावरण एवं आमजनों के स्वास्थ्य पर गंभीर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की संभावना मिली। कई संस्थान बिहार नैदानिक स्थापन (रजिस्ट्रीकरण एवं विनियमन) नियमावली, 2013 के तहत निबंधित नहीं पाए गए।
संचालन हेतु आवश्यक चिकित्सा मानक, स्वच्छता, लाइसेंस, दस्तावेज़ तथा प्रोटोकॉल का अनुपालन नहीं किया जा रहा था।
इन गंभीर अनियमितताओं को देखते हुए जिलाधिकारी के आदेशानुसार चिह्नित संस्थानों को सील करने हेतु दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारियों की प्रतिनियुक्ति की गई। शहर के चूड़ीपट्टी क्षेत्र में कुल 14 पैथोलॉजी एवं नर्सिंग होम अवैध संचालन एवं बायोमेडिकल वेस्ट के गलत निष्पादन के आधार पर सील करने एवं उनमे विरुद्ध निर्धारित अर्थदंड लगाने की कार्रवाई की जा रही है ।

🛍️ Today’s Best Deals

(Advertisement)