नोएडा। सेक्टर 62 स्थित आईएमएस नोएडा के स्कूल ऑफ आईटी ने सुरक्षित एवं जिम्मेदार डिजिटल व्यवहार के प्रति छात्रों को जागरूक किया। कार्यक्रम के दौरान बतौर वक्ता सी-डैक के साइबर सिक्युरिटी इंजिनियर शुभम त्रिपाठी ने अपने विचार प्रकट किए। वहीं कार्यक्रम के दौरान छात्रों को उभरते साइबर खतरों, डेटा सुरक्षा, ऑनलाइन सेफ्टी तथा साइबर अपराध से बचाव के प्रभावी उपायों पर चर्चा की गयी।
कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए आईएमएस की डीन प्रोफेसर (डॉ.) नीलम सक्सेना ने कहा कि आज के डिजिटल युग में साइबर सुरक्षा केवल तकनीकी विषय नहीं, बल्कि प्रत्येक छात्र की सामाजिक एवं नैतिक जिम्मेदारी है। तकनीक का उपयोग ज्ञानवर्धन के साथ-साथ सुरक्षित, सतर्क एवं नैतिक तरीके से किया जाना अत्यंत आवश्यक है। वहीं संस्थान के महानिदेशक प्रोफेसर (डॉ.) विकास धवन ने कहा कि डिजिटल तकनीक के तेजी से विस्तार के साथ साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकता समय की आवश्यकता बन गई है। छात्रों को संभावित खतरों से अवगत रहने के साथ-साथ जिम्मेदार डिजिटल नागरिक बनने की जरूरत है।
शुभम त्रिपाठी ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि हम सभी डिजिटल दुनिया का सक्रिय हिस्सा हैं, इसलिए अपनी ऑनलाइन पहचान और डेटा की सुरक्षा हमारी सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। आज के साइबर परिदृश्य में केवल सिस्टम का उपयोग जानना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उसकी सुरक्षा संरचना को समझना भी उतना ही जरूरी है। मल्टी-फैक्टर ऑथेंटिकेशन, एन्क्रिप्शन, नियमित सिस्टम अपडेट और सुरक्षित नेटवर्क प्रैक्टिसेज अपनाकर हम स्वयं को सुरक्षित रख सकते हैं। उन्होंने छात्रों से मजबूत पासवर्ड का उपयोग करने, किसी भी अनजान लिंक या कॉल पर भरोसा नहीं करने एवं सोशल मीडिया पर सोच-समझकर जानकारी साझा करने की अपील की। वहीं कार्यक्रम के दौरान विभागाध्यक्ष प्रोफेसर (डॉ.) अजय गुप्ता एवं उप विभागाध्यक्ष डॉ. अनीता पति मिश्रा ने बताया कि सतर्कता ही साइबर अपराध से सुरक्षित रख सकती है।



