श्री मारकंडेश्वर महादेव मंदिर में शुरू हुआ गीता पाठ
अश्विनी वालिया
कुरुक्षेत्र, 6 नवम्बर : मारकंडा नदी के तट पर वीरवार को श्री मारकंडेश्वर महादेव मंदिर ठसका मीरां जी में मार्गशीर्ष की प्रतिपदा से भगवान श्री कृष्ण के मुखारविंद से उत्पन्न गीता का पाठ शुरू हुआ। अखिल भारतीय श्री मारकंडेश्वर जनसेवा ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत जगन्नाथ पुरी ने अन्य संतों के साथ मार्गशीर्ष प्रतिपदा से शुरू हुए पूजन एवं गीता पाठ का महत्व बताते हुए कहा कि इस महीने को भगवान श्रीकृष्ण का अत्यंत प्रिय महीना माना जाता है। इसी महीने में गीता जयंती जैसा शुभ अवसर होने के कारण और भी अधिक महत्व है।

मार्गशीर्ष माह दौरान किए गए दान, जप, तप और ध्यान का फल कई गुना अधिक मिलता है। जिससे सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं और आत्मा को शांति मिलती है। महंत जगन्नाथ पुरी ने बताया कि मार्गशीर्ष माह को भगवान श्रीकृष्ण का स्वरूप माना जाता है। इस महीने में उनकी पूजा करने से वह प्रसन्न होते हैं और उनका आशीर्वाद मिलता है। इस महीने में विधि-विधान से पूजा और जाप करने से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं और जीवन में सुख-समृद्धि आती है। यह महीना आत्मिक शुद्धि और मानसिक शांति के लिए बहुत शुभ माना जाता है। उन्होंने बताया कि श्री मारकंडेश्वर महादेव मंदिर में पूरा महीना गीता पाठ होगा। इस महीने में भगवद्गीता का पाठ करना अत्यंत फलदायी होता है। इस अवसर पर स्वामी संतोषानंद, स्वामी सीताराम, स्वामी पृथ्वी पुरी, स्वामी राम नाथ पुरी, बिल्लू पुजारी, आकाश गिरी, मामराज मंगला, नरेश शर्मा, राम कुमार, सुक्खा सिंह, नाजर सिंह, राजेंद्र कुमार इत्यादि मौजूद रहे।
फोटो परिचय : पाठ करते हुए महंत जगन्नाथ पुरी।



