वीरेंद्र चौहान, समाज जागरण ब्यूरो किशनगंन।
11 जून। ठाकुरगंज प्रखंड अंतर्गत पथरिया गांव में बुधवार को एक दुर्लभ वन्यजीव पैंगोलिन मिलने से क्षेत्र में उत्सुकता का माहौल बन गया। ग्रामीणों की जागरूकता और संवेदनशीलता के कारण इस दुर्लभ जीव को सुरक्षित बचाकर वन विभाग के हवाले कर दिया गया।
जानकारी के अनुसार गांव के निवासी परीक्षण राय एवं अन्य ग्रामीणों ने पैंगोलिन को देखा। प्रारंभ में लोग इसे पहचान नहीं सके, लेकिन बाद में इसके दुर्लभ वन्यजीव होने की जानकारी मिलने पर उन्होंने सूझबूझ का परिचय देते हुए उसे किसी प्रकार का नुकसान नहीं पहुंचाया। ग्रामीणों ने सावधानीपूर्वक उसे सुरक्षित रखा और तत्काल वन विभाग तथा प्रशासन को इसकी सूचना दी।
मुखिया प्रतिनिधि अजय सिंह ने बताया कि पैंगोलिन को सुरक्षित रूप से वन विभाग के सुपुर्द कर दिया गया है। विभागीय अधिकारियों द्वारा उसकी स्वास्थ्य जांच की जाएगी, जिसके बाद उसे उसके प्राकृतिक आवास में छोड़ने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
वन विभाग के अधिकारियों ने ग्रामीणों के इस सराहनीय कदम की प्रशंसा करते हुए कहा कि वन्यजीव संरक्षण में आम लोगों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। समय पर सूचना मिलने से दुर्लभ जीव की सुरक्षा सुनिश्चित हो सकी।
स्थानीय लोगों के अनुसार इस क्षेत्र में पैंगोलिन का दिखाई देना अत्यंत दुर्लभ घटना है। यह जीव सामान्यतः जंगलों और प्राकृतिक आवासों में पाया जाता है तथा अपनी विशिष्ट शल्कयुक्त संरचना के कारण पहचाना जाता है। अवैध शिकार और तस्करी के कारण इसकी संख्या लगातार घट रही है, जिसके चलते यह संरक्षित वन्यजीवों की श्रेणी में शामिल है।
ग्रामीणों की जागरूकता की पूरे क्षेत्र में सराहना हो रही है। लोगों का कहना है कि वन्यजीवों के संरक्षण के लिए समाज और प्रशासन दोनों की साझा भागीदारी आवश्यक है। पथरिया गांव के लोगों ने दुर्लभ जीव की सुरक्षा कर एक सकारात्मक उदाहरण प्रस्तुत किया है।
वन विभाग ने लोगों से अपील की है कि यदि कहीं कोई दुर्लभ अथवा संरक्षित वन्यजीव दिखाई दे तो उसे नुकसान पहुंचाने के बजाय तुरंत विभाग या स्थानीय प्रशासन को सूचना दें, ताकि उसकी सुरक्षा और संरक्षण सुनिश्चित किया जा सके।



