google-site-verification: google2b21991adbe5cec3.html

पटना के पालीगंज में मनाई गई आकाश राज व मनोरंजन प्रसाद की पुण्यतिथि

समाज जागरण पटना जिला संवाददाता:- वेद प्रकाश

पटना/ जिले के पालीगंज प्रखण्ड अंतर्गत खिरिमोड थाने के निरखपुर गांव में सामाजिक कार्यकर्ता सह दक्षिणी पालीगंज इलाके के महान शख्स मनोरंजन प्रसाद वर्मा उर्फ त्रियोगी सिंह तथा उनके सुपौत्र आकाश राज उर्फ मनु का पुण्यतिथि रविवार को मनाया गया। इस दौरान दोनों की तस्वीर के सामने कर्पूर, अगरबती व दीप जलाया गया। साथ ही माल्यार्पण के साथ पुष्पांजलि अर्पित की गई। बाद में मौन धारण कर शोक प्रकट किया गया।


मौके पर पत्रकार वेद प्रकाश ने दोनो की जीवनी पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मनोरंज प्रसाद उर्फ त्रियोगी सिंह का जन्म पटना जिले के खिरिमोड थाना अंतर्गत निरखपुर गांव में 1 जनवरी 1950 को मध्यम वर्गीय परिवार में हुआ था। उनके माता का नाम दशरानी उर्फ देवरानी देवी तथा पिता का नाम लक्ष्मण सिंह था। उन्होंने बचपन की पढ़ाई गांव के ही राजकीय बुनियादी विद्यालय तथा मैट्रिक की पढ़ाई दामोदर उच्च विद्यालय रघुनाथपुर में किया था। उसके बाद इंटर व ग्रेजुएशन की पढ़ाई पटना के बिहार नेशनल कॉलेज में पूर्ण किया। उसके बाद उन्होंने गरीबो व वंचितों की हक की लड़ाई लड़ रहे माले पार्टी से जुड़कर पालीगंज में पार्टी को मजबूती प्रदान किया। निरखपुर व सिद्धिपूर गांव के सैकड़ो भूमिहीनों को आवास के लिए जमीनों का पर्चा दिलवाए। इस दौरान उन्होंने जेल भी गए। जहां से आने के बाद पुनः पार्टी से जुड़कर समाज कल्याण के कार्यो में हाथ बटाया।

दर्जनों गांवों तक बिजली पहुंचाया। गोडाउन, पूल तथा सड़क निर्माण जैसे कार्यो में हाथ बटाया। लेकिन उनकी बढ़ती लोकप्रियता से घबराकर एक राजनीतिक दल के नेता घबरा गया। अपनी कुर्सी छीनी जाने के भय से उनके ही दोस्त को पैसे पर खरीद लिया। जब वे 15 मार्च 1995 को निर्भीक होकर पैदल ही खिरिमोड से देर शाम को घर लौट रहे थे। इसी बीच रास्ते मे ही वह विश्वास घाती दोस्त ने गोली मारकर धोखे से उनकी हत्या कर दिया। लेकिन आज भी दक्षिणी पालीगंज इलाके के लोग दिल से उन्हें अपने चहेते के रूप में याद करते रहते है।

लेकिन जिस माले पार्टी के लिए उन्होंने अपनी प्राण न्योछावर कर दिए आज तक वह पार्टी उनके परिवारवालों की हाल चाल भी जानना मुनासिब नही समझते यहाँ तक कि कभी आदर पूर्वक उनकी नाम तक नही लेती। लेकिन उनके ही एक दोस्त सह पूर्व बिधायक नन्द कुमार नन्दा ने अपनी पुस्तक में उल्लेख करते हुए उनके बारे में लिखे है। वही उन्ही का सुपौत्र आकाश राज उर्फ मनु का जन्म 1 फरवरी 2005 को हुआ था। जिन्होंने अपने पूर्वजो के रास्ते पर चलते हुए लोगो के दिल मे अपनी लोकप्रियता की पहचान कायम करते हुए आगे बढ़ा। उन्होंने बचपन से ही पढ़ाई के साथ साथ सामाजिक कार्यो में अग्रणी भूमिका निभाने लगा।

वह इलाके के युवा दिल की धड़कन बन गया। जिसे देख कुछ असामाजिक युवकों ने उसे बहला फुसलाकर किसी कार्य के बहाने ले गया तथा बिजली करेंट प्रवाहित कर 15 मार्च 2023 को उसकी हत्या कर दिया। जिसकी सूचना फैलते ही युवाओं के बीच मायूसी छा गया। उसकी याद में कई गांवों के युवकों ने कैंडल मार्च निकाला। आज भी उनदोनो को एक निर्भीक, साहसी तथा अच्छे सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में इलाके के ग्रामीणों द्वारा याद की जाती है।


Discover more from समाज जागरण

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

🛍️ Today’s Best Deals

(Advertisement)